राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने कहा है कि जनजातीय विकास के लिये संवेदनशीलता के साथ कार्य करें। संवेदनशीलता और आत्मीयता के साथ किए गए कार्य ईश्वर की कृपा के भागी होते हैं। उन्होंने प्रदेश की आबादी के 21 प्रतिशत जनजातीय समुदाय के विकास के कार्यों के प्रभावी क्रियान्वयन की भावी रणनीति के लिए कार्यशाला आयोजन की पहल के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का आभार माना।
राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि वर्तमान समय जनजातीय विकास का स्वर्ण काल कहा जा सकता है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में जनजातीय विकास की अभूतपूर्व योजनाएं, प्रधानमंत्री जनमन, धरती आबा ग्राम उत्कर्ष अभियान आदि में अभूतपूर्व कार्य हो रहे हैं। इनके लिए पर्याप्त बजट का भी प्रावधान किया गया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में विकासखंड, तहसीलवार मूलभूत सुविधाओं का मानचित्र तैयार किया जाना चाहिए। मानचित्र में आबादी में स्वास्थ्य, शिक्षा, सड़क आदि मूलभूत जरूरतों की उपलब्धता को अंकित किया जाना चाहिए। उसी के अनुसार जनजातीय विकास का रोडमैप तैयार किया जाना चाहिए।
उन्होंने कहा कि विकास कार्यों के लिए निर्धारित राशि का समय सीमा में उपयोग जिम्मेदारी के साथ करना जरूरी है। जरूरी है कि विकास के विभिन्न कार्यों के लिये मैदानी भ्रमण के अनुभवों के आधार पर योजना बनाई जानी चाहिए और उसके अनुरूप डिजाइन तैयार करें। इसमें गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखें। उन्होंने प्रधानमंत्री श्री मोदी के गुजरात के मुख्यमंत्रित्व काल में मंत्री के रुप में कार्य के अनुभव का स्मरण करते हुए कहा कि योजनाओं का निर्माण व्यापक मैदानी भ्रमण के अनुभवों के आधार पर किया जाना चाहिए। इससे क्रियान्वयन संबंधी चुनौतियों, कठिनाईयों की अग्रिम जानकारी मिल जाती है। राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि विकास योजनाओं के क्रियान्वयन में आने वाली चुनौतियों को समझने के लिए हितग्राहियों के साथ परस्पर और आत्मीय संबंधों के द्वारा समझने की जरूरत पर बल दिया। स्कूल ड्रॉप आउट की चुनौती का उल्लेख करते हुए कहा कि ड्रॉप आउट के विभिन्न कारण हो सकते है। पालकों के अशिक्षित होने से शिक्षा के महत्व का ज्ञान नहीं होना, पढ़ाई में बच्चे, बच्ची का कमजोर होना, विद्यालय का घर से दूर होना, रास्ता दुर्गम होना, विद्यालय में शौचालय का अभाव जैसे कारणों को समझ कर योजना बनाने की आवश्यकता है। उन्होंने कार्यशाला की सफलता के लिए बधाई दी।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व और मार्गदर्शन में देश और प्रदेश में सभी वर्गों के विकास के लिए गतिविधियां जारी हैं। मध्यप्रदेश को राज्यपाल श्री पटेल के मार्गदर्शन में जनजातीय कल्याण के क्षेत्र में एक नई ऊर्जा और दिशा मिल रही है। जनजातीय समाज को मुख्य धारा से जोड़ने और उनके समग्र विकास के लिए राज्यपाल श्री पटेल द्वारा गुजरात में किए गए कार्यों का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि श्री पटेल की जनजातीय समुदाय से आत्मीयता और उनकी परेशानियों को समझने की संवेदनशीलता अद्भुत है। इससे जमीनी स्तर पर प्रदेश के सुदूरवर्ती क्षेत्रों में जनजातीय कल्याण के लिए संचालित योजनाओं की प्रभावशीलता बढ़ी है। राज्य सरकार प्रदेश के हर वर्ग के हर व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने, उन्हें मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है
स्रोत: जनसंपर्क विभाग, मध्यप्रदेश

