राहुल शर्मा संवाददाता अलीगढ़ शब्द मेल उत्तर प्रदेश
अलीगढ़ जनपद के प्रभारी मंत्री एवं प्रदेश के गन्ना विकास एवं चीनी मिलें मंत्री लक्ष्मी नारायण चौधरी की अध्यक्षता में मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभागार में विकास कार्यों की समीक्षा बैठक आयोजित हुई। बैठक में नगर आयुक्त प्रेम प्रकाश मीणा ने नगर निगम द्वारा शहर में कराए जा रहे, पूर्ण हो चुके, निर्माणाधीन एवं प्रस्तावित विकास कार्यों का विस्तृत प्रस्तुतिकरण किया।
बैठक में सांसद सतीश गौतम, जिला पंचायत अध्यक्ष विजय सिंह, महापौर प्रशांत सिंघल, विधान परिषद सदस्य चौधरी ऋषिपाल सिंह, विधायक कोल अनिल पाराशर, विधायक शहर मुक्ता राजा, विधायक छर्रा रविंद्र पाल सिंह, विधायक इगलास राजकुमार सहयोगी, जिलाधिकारी अविनाश कुमार, एसएसपी नीरज जादौन, एडीए वीसी कुलदीप मीणा और सीडीओ योगेंद्र सिंह सहित अन्य अधिकारी एवं जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
नगर आयुक्त ने बताया कि मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप स्वच्छ, सुंदर, सुरक्षित, आधुनिक एवं आत्मनिर्भर अलीगढ़ की दिशा में नगर निगम द्वारा योजनाबद्ध तरीके से विकास कार्य कराए जा रहे हैं। करीब 11 लाख मीट्रिक टन लीगेसी वेस्ट में से लगभग 6.88 लाख मीट्रिक टन कचरे का निस्तारण किया जा चुका है।
प्रस्तुतीकरण में बताया गया कि नगर निगम द्वारा 57.20 करोड़ रुपये की लागत से इंडोर स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स, 54.47 करोड़ रुपये से मल्टीलेवल कार पार्किंग एवं कॉमर्शियल कॉम्प्लेक्स, 29 करोड़ रुपये से अचल ताल का विकास एवं रखरखाव तथा 79.18 करोड़ रुपये की लागत वाले कल्याण सिंह हैबिटेट सेंटर समेत कई परियोजनाओं पर कार्य किया जा रहा है।
इसके अलावा जवाहर पार्क का आधुनिकीकरण एवं सौंदर्यीकरण, गांधी पार्क में 10 करोड़ रुपये की लागत से इमर्सिव रूम, कल्याण मंडप, संविधान पार्क, सिटीजन केयर सेंटर और पीएम श्री कंपोजिट स्कूल एलमपुर सहित विभिन्न परियोजनाओं की जानकारी दी गई।
नगर आयुक्त ने बताया कि नगर निगम के 266 बड़े नलकूपों का ऑटोमेशन तथा करीब 64 हजार स्ट्रीट लाइटों का ऑटोमेशन एवं ICCC से एकीकरण किया गया है। स्मार्ट सिटी मिशन के तहत सूतमील चौराहे से नादा पुल तक सड़क चौड़ीकरण तथा सूतमील चौराहे से भांकरी तक करीब 4.7 किलोमीटर मार्ग के फोरलेन चौड़ीकरण की परियोजनाओं की भी जानकारी दी गई।
उन्होंने बताया कि CM-GRIDS योजना के तहत स्वीकृत कार्यों को तेजी से आगे बढ़ाया जा रहा है। शहर में 450 करोड़ रुपये से अधिक की अनुमानित लागत से 2,500 से अधिक विकास कार्य प्रगति पर हैं।
जलभराव से निपटने की तैयारी
जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान के लिए क्वार्सी चौराहे से एटा चुंगी होते हुए जाफरी ड्रेन तक 6.69 किलोमीटर आरसीसी नाला निर्माण की 109.95 करोड़ रुपये की कार्ययोजना तैयार की गई है। इसके साथ ही 189.64 करोड़ रुपये की अर्बन फ्लड एवं स्टॉर्म वाटर ड्रेनेज कार्ययोजना प्रस्तावित है, जिसमें 11 प्रमुख जलभराव क्षेत्रों में ड्रेनेज पम्पिंग स्टेशन, जाफरी नाले तथा विभिन्न वार्डों में 30 आरसीसी नालों के निर्माण का प्रस्ताव शामिल है।
ICCC से नगर सेवाओं की निगरानी
नगर आयुक्त ने बताया कि कल्याण सिंह हैबिटेट सेंटर में करीब 20 करोड़ रुपये की लागत से आधुनिक Integrated Command & Control Centre (ICCC) संचालित किया जा रहा है। यहां नगर निगम की विभिन्न सेवाओं की एकीकृत निगरानी की जा रही है। स्ट्रीट लाइट, नलकूप, डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन, नागरिक शिकायतें, यातायात, अवैध पार्किंग, अतिक्रमण और नगर निगम के वाहनों की निगरानी ICCC के माध्यम से की जा रही है।
शहर में 927 CCTV कैमरों के जरिए 24 घंटे निगरानी तथा 350 से अधिक फेस रिकॉग्निशन कैमरों से प्रमुख बाजारों एवं वेंडिंग जोन की मॉनिटरिंग की जा रही है भविष्य की ड्रेनेज व्यवस्था पर भी जोर भविष्य की ड्रेनेज व्यवस्था के तहत अलीगढ़ एवं जाफरी नाले के करीब 24.2 किलोमीटर हिस्से को शामिल करते हुए PPP मॉडल पर लगभग 1,530 करोड़ रुपये की सांकेतिक लागत वाली दीर्घकालिक परियोजना का प्रस्ताव रखा गया है। इसमें नालों के पक्कीकरण और वेस्ट वाटर के शुद्धीकरण की योजना है।
बैठक में गौवंश संरक्षण, ट्रैफिक व्यवस्था और शहर के प्रमुख चौराहों के सुधार पर भी चर्चा हुई। नगर आयुक्त ने बताया कि नगर निगम, एडीए एवं जिला प्रशासन द्वारा संयुक्त रूप से शहर के 11 प्रमुख चौराहों के सुधार के लिए Junction Improvement Programme तैयार किया गया है। इसका उद्देश्य यातायात व्यवस्था सुधारने के साथ पैदल यात्रियों की सुविधा, व्यवस्थित पार्किंग तथा ऑटो-बस के लिए निर्धारित स्टॉपेज उपलब्ध कराना है प्रभारी मंत्री ने विकास कार्यों की समीक्षा करते हुए जनसहभागिता पर जोर दिया और सेवा संकल्प अभियान में अधिक से अधिक नागरिकों की भागीदारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए

